कैंसर सेल्स की मुख्य विशेषताएं क्या हैं?

oncare team
Updated on Dec 13, 2025 12:21 IST

By Prashant Baghel

जब हम “कैंसर” शब्द सुनते हैं, तो दिमाग में तुरंत डर, चिंता और जिज्ञासा का मिश्रण पैदा होता है। क्या आपने कभी सोचा है कि आखिर कैंसर सेल्स (Cancer Cells) होती क्या हैं और ये सामान्य कोशिकाओं से अलग कैसे होती हैं?

हमारा शरीर अरबों कोशिकाओं से बना है, और ये कोशिकाएं एक निश्चित नियम के अनुसार काम करती हैं जैसे बढ़ना, विभाजित होना और मर जाना। लेकिन जब ये कोशिकाएं अपने नियंत्रण से बाहर हो जाती हैं, तो वे कैंसर सेल्स कहलाती हैं।

आज के समय में कैंसर एक आम लेकिन गंभीर बीमारी बन चुकी है। दुनियाभर में लाखों लोग इससे प्रभावित हैं। पर अच्छी बात यह है कि अगर हमें कैंसर कोशिकाओं की प्रकृति और उनकी मुख्य विशेषताओं (main characteristics) के बारे में जानकारी हो, तो हम इसे बेहतर तरीके से समझ और समय पर पहचान सकते हैं।

आइए इस लेख में आसान भाषा में जानते हैं कि कैंसर सेल्स की मुख्य विशेषताएं क्या होती हैं, ये शरीर में कैसे बढ़ती हैं, कैसे फैलती हैं और इनसे बचाव के तरीके क्या हैं।

कैंसर सेल्स क्या होती हैं? (What Are Cancer Cells)

हमारे शरीर की हर कोशिका का एक निश्चित जीवन चक्र होता है। वह जन्म लेती है, काम करती है, और एक समय के बाद मर जाती है ताकि नई कोशिकाएं उसकी जगह ले सकें।

लेकिन जब कोशिकाएं इस प्राकृतिक नियम का पालन नहीं करतीं और लगातार बढ़ती रहती हैं, तो यही असामान्य कोशिकाएं कैंसर सेल्स बन जाती हैं।

ये कोशिकाएं मरने की बजाय बढ़ती जाती हैं और एक गांठ या ट्यूमर (Tumor) बना देती हैं, जो आगे चलकर शरीर के दूसरे हिस्सों को भी प्रभावित कर सकती हैं।

कैंसर सेल्स और सामान्य कोशिकाओं में अंतर

विशेषता

सामान्य कोशिकाएं

कैंसर कोशिकाएं

विकास (Growth)

नियंत्रित रूप से बढ़ती हैं

अनियंत्रित रूप से बढ़ती हैं

विभाजन (Division)

एक निश्चित संख्या तक विभाजित होती हैं

बार-बार विभाजित होती रहती हैं

मृत्यु (Death)

समय आने पर मर जाती हैं

मरने की बजाय लगातार जीवित रहती हैं

ऊतक से जुड़ाव (Attachment)

अपनी जगह पर रहती हैं

अपने स्थान से अलग होकर फैल सकती हैं

ऊर्जा उपयोग (Energy Use)

सामान्य रूप से ऊर्जा का उपयोग करती हैं

बहुत ज्यादा ऊर्जा खर्च करती हैं

DNA की स्थिति

स्थिर और नियंत्रित

DNA में बदलाव (mutation) होता है

कैंसर सेल्स की मुख्य विशेषताएं

कैंसर कोशिकाओं में कुछ खास गुण होते हैं जो उन्हें सामान्य कोशिकाओं से अलग बनाते हैं। नीचे इनकी मुख्य विशेषताओं को विस्तार से समझाया गया है।

1. अनियंत्रित रूप से बढ़ना (Uncontrolled Growth)

कैंसर सेल्स की सबसे प्रमुख विशेषता यह है कि वे बिना किसी नियंत्रण के लगातार बढ़ती रहती हैं। जहां सामान्य कोशिकाएं एक सीमा तक बढ़कर रुक जाती हैं, वहीं कैंसर कोशिकाएं “स्टॉप सिग्नल” को नजरअंदाज कर देती हैं। इससे वे शरीर में ट्यूमर (गांठ) का निर्माण कर देती हैं।

2. सेल डेथ को नजरअंदाज करना (Ignoring Cell Death)

हर कोशिका के जीवन का अंत एक प्रक्रिया से होता है जिसे अपोप्टोसिस (Apoptosis) कहते हैं। लेकिन कैंसर सेल्स इस प्रक्रिया को रोक देती हैं। यानी, उन्हें मरने का संदेश भी भेजा जाए तो वे उसे मानती नहीं हैं और जीवित रहती हैं। यही कारण है कि कैंसर कोशिकाएं लंबे समय तक शरीर में बनी रहती हैं।

3. अनंत बार विभाजित होने की क्षमता (Unlimited Cell Division)

सामान्य कोशिकाएं एक निश्चित संख्या में विभाजित होती हैं और फिर मर जाती हैं। लेकिन कैंसर सेल्स में “टेलोमेयर (Telomere)” नामक संरचना बढ़ जाती है, जिससे वे अनंत बार विभाजित हो सकती हैं। इसका मतलब यह है कि कैंसर कोशिकाएं “अमर” बन जाती हैं।

4. DNA में परिवर्तन (Genetic Mutation)

कैंसर कोशिकाओं के अंदर मौजूद DNA में कई बदलाव हो जाते हैं। ये बदलाव (mutation) उन्हें असामान्य व्यवहार करने के लिए मजबूर करते हैं। यह परिवर्तन किसी हानिकारक रसायन, रेडिएशन, वायरस या वंशानुगत कारणों से हो सकता है।

5. अपनी जगह से हटकर फैलना (Metastasis)

कैंसर सेल्स की एक खास विशेषता यह है कि वे अपनी जगह पर नहीं रहतीं। वे आसपास के ऊतकों में घुसपैठ करती हैं और खून या लसीका (lymph) के जरिए शरीर के अन्य हिस्सों में पहुंच जाती हैं। इसी प्रक्रिया को मेटास्टेसिस कहा जाता है, और यही कैंसर की सबसे खतरनाक अवस्था होती है।

6. नई रक्त वाहिकाएं बनाना (Angiogenesis)

जब कैंसर सेल्स बढ़ती हैं, तो उन्हें ज्यादा ऑक्सीजन और पोषण की जरूरत होती है। इसके लिए वे शरीर को नई रक्त वाहिकाएं (blood vessels) बनाने के लिए प्रेरित करती हैं। इस प्रक्रिया को एंजियोजेनेसिस (Angiogenesis) कहा जाता है। इससे कैंसर कोशिकाओं को लगातार पोषण मिलता रहता है, और वे तेजी से बढ़ती जाती हैं।

7. प्रतिरक्षा प्रणाली से बच निकलना (Evading Immune System)

हमारी प्रतिरक्षा प्रणाली (immune system) शरीर में मौजूद असामान्य कोशिकाओं को पहचानकर नष्ट कर देती है। लेकिन कैंसर सेल्स खुद को छिपाने में सक्षम होती हैं। वे अपनी सतह पर मौजूद संकेतों (signals) को बदल देती हैं ताकि शरीर की प्रतिरक्षा कोशिकाएं उन्हें पहचान न सकें।

8. ऊर्जा का असामान्य उपयोग (Altered Energy Usage)

सामान्य कोशिकाएं ऊर्जा बनाने के लिए ऑक्सीजन का उपयोग करती हैं। लेकिन कैंसर कोशिकाएं ऊर्जा के लिए ग्लूकोज (glucose) का अधिक उपयोग करती हैं, भले ही ऑक्सीजन मौजूद हो। इस प्रक्रिया को वॉरबर्ग इफेक्ट (Warburg Effect) कहा जाता है। इससे उन्हें तेजी से बढ़ने में मदद मिलती है।

9. आसपास के ऊतकों को नुकसान पहुंचाना (Invasion)

कैंसर सेल्स सिर्फ बढ़ती ही नहीं, बल्कि आसपास की कोशिकाओं और ऊतकों को भी नष्ट करती हैं। वे ऐसे एंजाइम छोड़ती हैं जो सामान्य कोशिकाओं की दीवारों को तोड़ देती हैं और अपनी जगह बना लेती हैं।

10. हार्मोन और रासायनिक संकेतों को प्रभावित करना (Abnormal Signaling)

कैंसर सेल्स शरीर में मौजूद हार्मोन और रासायनिक संकेतों (chemical signals) को बदल देती हैं। इससे आसपास की कोशिकाएं भी असामान्य व्यवहार करने लगती हैं।

कैंसर सेल्स बनने के मुख्य कारण

कैंसर कोशिकाएं अचानक नहीं बनतीं, बल्कि कई कारणों से सामान्य कोशिकाओं में धीरे-धीरे बदलाव आने से बनती हैं।

  1. तंबाकू और शराब का सेवन
  2. रेडिएशन और प्रदूषण का संपर्क
  3. हानिकारक रसायनों का असर (जैसे कीटनाशक, धुआं)
  4. वायरस जैसे HPV या Hepatitis B/C
  5. जीन में वंशानुगत बदलाव (Genetic Mutation)
  6. अस्वस्थ खानपान और शारीरिक निष्क्रियता

कैंसर सेल्स को पहचानने के तरीके

डॉक्टर कैंसर कोशिकाओं की पहचान करने के लिए कई जांचें करते हैं, जैसे:

  • बायोप्सी (Biopsy) : कोशिका का छोटा नमूना लेकर जांच की जाती है।
  • CT स्कैन, MRI, PET स्कैन : शरीर में ट्यूमर की स्थिति देखी जाती है।
  • ब्लड टेस्ट : असामान्य पदार्थों की जांच।
  • मॉलिक्यूलर टेस्टिंग : DNA में हुए बदलावों का पता लगाने के लिए।

कैंसर सेल्स को नष्ट करने के उपचार

कैंसर सेल्स के इलाज के कई तरीके हैं, जो कैंसर के प्रकार और स्टेज पर निर्भर करते हैं:

  1. सर्जरी (Surgery) : ट्यूमर को शरीर से निकाल देना।
  2. कीमोथेरेपी (Chemotherapy) : दवाओं के जरिए कैंसर सेल्स को मारना।
  3. रेडिएशन थेरेपी (Radiation Therapy) : उच्च ऊर्जा विकिरण से कोशिकाओं को नष्ट करना।
  4. इम्यूनोथेरेपी (Immunotherapy) : शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाना।
  5. टारगेटेड थेरेपी (Targeted Therapy) : खास कैंसर सेल्स को निशाना बनाना।

आज ही परामर्श लें

कैंसर सेल्स सामान्य कोशिकाओं की तुलना में पूरी तरह अलग व्यवहार करती हैं। वे बिना नियंत्रण के बढ़ती हैं, मरने से इंकार करती हैं, शरीर के दूसरे हिस्सों में फैलती हैं और आसपास के ऊतकों को नुकसान पहुंचाती हैं। लेकिन आज चिकित्सा विज्ञान ने इतनी प्रगति कर ली है कि अगर कैंसर का समय पर पता चल जाए और सही इलाज मिले, तो इसे हराना संभव है।

याद रखें, जानकारी और जागरूकता ही कैंसर से बचाव की सबसे बड़ी ताकत है।और जब बात इलाज की हो, तो Oncare Cancer Hospital आपके जीवन में उम्मीद और स्वास्थ्य दोनों लौटाने का सही स्थान है।

FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न)

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